सायरो बानो ने दिलीप कुमार के बर्थडे पर लिखा दिल छू लेने वाला पत्र, बताई एक्टर से जुड़ी अनसुनी बातें

कल यानी 11 दिसंबर 2021 को दिवंगत अभिनेता दिलीप कुमार का 99वां जन्मदिन है। इस मौके पर उनकी पत्नी सायरा बानो ने अपने पति के लिए एक नोट साझा किया है। आइए आपको इसके बारे में बताते हैं।

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By Kanika Singh Last Updated:

सायरो बानो ने दिलीप कुमार के बर्थडे पर लिखा दिल छू लेने वाला पत्र, बताई एक्टर से जुड़ी अनसुनी बातें

दिवंगत अभिनेता दिलीप कुमार (Dilip Kumar) और उनकी पत्नी व एक्ट्रेस सायरा बानो (Saira Bano) का रिश्ता सच्चा होने के साथ-साथ बहुत गहरा भी था। दिलीप साहब और सायरा बानो की प्रेम कहानी भारतीय फिल्म इंडस्ट्री के लिए हमेशा यादगार रहेगी। उन दोनों के प्यार ने न केवल अलग नजरिया दिया है, बल्कि ये भी सिखाया है कि, एक-दूसरे के साथ ताउम्र खड़े रहना भी एक अनोखे इश्क का उदाहरण है।

अब दिलीप साहब इस दुनिया में नहीं हैं, लेकिन वो हम सभी के दिलों में आज भी जिंदा हैं। उनकी पत्नी सायरा बानो उनसे बेशुमार मोहब्बत करती हैं और ये उनका दिलीप साहब के प्रति प्यार देखकर साफ-साफ समझ आता है। कल यानी 11 दिसंबर 2021 को दिलीप कुमार का जन्मदिन है। इस खास मौके पर सायरा बानो ने एक पत्र लिखा है।

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उन्होंने इस पत्र में लिखा है, "11 दिसंबर 1922 को कड़ाके की ठंडी रात में, जब पेशावर के किस्सा ख्वानी बाजार में ठंडी हवाओं के झोंके की भीषण आग भड़क रही थी, तब मेरे जान, यूसुफ साहब पैदा हुए। उनका जन्म पेशावर के एक प्रमुख फल व्यापारी मोहम्मद सरवर खान और उनकी खूबसूरत पत्नी आयशा बेगम के घर हुआ था। वास्तव में, लाखों प्रशंसक और मैं (उनकी फैन नंबर 1) पूरी तरह से ये जानते हुए भी कि, वह हमारे जीवन से हमेशा के लिए जा चुके हैं। फिर भी हम इस दिन को मनाने जा रहे हैं। सच तो यह है कि, दिलीप साहब बहुत खुश और गौरवान्वित थे कि, उनका जन्म अविभाजित भारत में हुआ और वे एक बड़े व खुशहाल परिवार में पले-बढ़े, जहां लोग छोटे सदस्यों और महिलाओं की देखभाल करते थे, निडर थे और एक-दूसरे पर भरोसा करते थे।"

उन्होंने आगे लिखा, "साहब को अपने पिता द्वारा अपने बेटों और बेटियों को दी गई देशभक्ति की भावना पर गर्व था। उन्हें और उनके ग्यारह भाई-बहनों को सभी समुदायों के साथ घुलने-मिलने की आजादी दी गई थी। इसलिए, अपने शानदार जीवन के दौरान दिलीप साहब एक विशेष वर्ग से अलग थे। वह जीवन के सभी क्षेत्रों और समाज के सभी वर्गों के लोगों के साथ पूरी तरह से सहज थे। अपनी नज़र में वह एक परिवार और एक चुनौतीपूर्ण काम के साथ एक साधारण व्यक्ति थे ... और कुछ नहीं ... और निश्चित रूप से एक भगवान नहीं थे, क्योंकि सुपरस्टार्स लोगों के लिए​ भगवान समान बन जाते हैं।"

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सायरा बानो ने लिखा, "सौभाग्य से, मेरी मां ने भी एक अभिनेत्री के रूप में अपनी सफलता और स्टारडम के साथ-साथ संपन्नता और ग्लैमर के बावजूद मुझे अपने पैरों के साथ जमीन से जोड़े रखा। साहब से शादी के बाद मुझे ऐसे जीवन की आदत डालने में कोई कठिनाई नहीं हुई, जिसमें आगंतुकों और मेहमानों का स्वागत करना पड़ता था और शानदार भोजन परोसना पड़ता था। न तो मोमबत्ती की रोशनी से और न ही बिजली की रोशनी से, बल्कि ड्राइंग रूम और बगीचे में साहब की उपस्थिति से, प्रत्येक अतिथि पर ध्यान देते हुए, पेशेवर और सामाजिक स्थिति की परवाह किए बिना हमने हमारे जीवन के सभी विशेष अवसरों पर लोगों और फूलों से भरा घर देखा। साहब के फिल्म इंडस्ट्री और हमारे समुदाय के बाहर और भी दोस्त थे, जो जन्मदिन, सालगिरह, ईद, दिवाली, क्रिसमस आदि अवसरों पर घर में आते रहते थे। मैं जिस चीज की सबसे अधिक प्रशंसा करती थी, वो यह थी कि, वह अपने इंडस्ट्री के बाहर के दोस्तों के साथ आराम के स्तर को सुनिश्चित करने में अतिरिक्त सावधानी बरतते थे।"

उन्होंने आगे लिखा, "वह बिना किसी झिझक के मेरे साथ त्योहार और जन्मदिन की खरीदारी करने जाते थे और छोटे भेल पुरी स्टालों और आइसक्रीम कैफे में रुकने का आनंद लेते थे। उन्होंने अपनी आत्मकथा में कबूल किया है, 'जब एक आम आदमी मुझे गर्मजोशी से हाथ मिलाते हैं और बताते हैं कि, उन्हें मेरी फिल्में देखने में कितना मजा आया, तो यह मेरे लिए सर्वोच्च पुरस्कार है। मुझे पता है कि, विनम्रता और अनुग्रह ही उन्हें अलग करता है।" सायरा बानो ने अंत में लिखा, "जैसा कि मैंने दो महीने पहले हमारी शादी की सालगिरह के अवसर पर कहा था, वह हमारे बीच में है, धीरे से मेरा हाथ पकड़ रहे हैं और अपनी भावनाओं को बिना शब्दों के व्यक्त कर रहे हैं ... बस अपनी आंखों की बेजोड़, अद्वितीय वाक्पटुता से।
एक बार फिर मुझे पता है कि, मैं अभी और हमेशा के लिए अकेली नहीं हूं। जन्मदिन मुबारक हो जान।"

फिलहाल, दिलीप कुमार साहब से जुड़ी हर याद को समेटने में हमें बेहद खुशी मिलती है। वैसे, सायरा बानो के लिखे हुए पत्र के बारे में आपका क्या कहना है? हमें कमेंट में अवश्य बताएं।

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